Devendra Prakash Mishra

अपने बारे में कुछ कहना कुछ लोगों के लिए बहुत आसान होता है, तो कुछ के लिए बहुत ही मुश्किल और मेरे जैसों के लिए तो नामुमकिन फिर भी अब यहाँ कुछ न कुछ तो लिखना ही पड़ेगा न [:P].तो सुनिए. by qualification एक journalist हूँ खास लगाव अपनी मातृभाषा से ही है.वो कहते हैं न की जो करो शिद्दत से करो [:D].पर लेखन का कीड़ा इतनी जल्दी शांत थोड़े न होता है तो गाहे बगाहे काटता रहा.और हम उसे एक डायरी में बंद करते रहे.फिर पहचान हुई इन्टरनेट से तो यहाँ कुछ गुनी जनों ने उकसाया तो हमारे सुप्त पड़े कीड़े फिर कुलबुलाने लगे और भगवान की दया से सराहे भी जाने लगे,कई पुरूस्कार भी मिल गए,और जी फिर हमने शुरू कर दी स्वतंत्र पत्रकारिता..तो अब कुछ फुर्सत की घड़ियों में लिखा हुआ कुछ ,यदा कदा हिंदी पत्र- पत्रिकाओं में छप जाता है और इस ब्लॉग के जरिये आप सब के आशीर्वचन मिल जाते हैं.और इस तरह हमारे अंदर की पत्रकार आत्मा तृप्त हो जाती है.तो जी बस यही है अपना परिचय.